“5 हजार की सुपारी में बेटे ने कराई पिता की हत्या, जंगल के सूखे कुएं में जलाकर छिपाया शव”
सीधी जिले के मझौली थाना क्षेत्र में रिश्तों को शर्मसार कर देने वाली हत्या का सनसनीखेज खुलासा हुआ है। यहां एक बेटे ने महज 5 हजार रुपये की सुपारी देकर अपने ही पिता की हत्या करा दी। हत्या के बाद शव को जंगल के सूखे कुएं में फेंककर आग लगा दी गई, ताकि पहचान मिटाई जा सके। मामले का खुलासा करते हुए मझौली पुलिस ने 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
थाना प्रभारी मझौली विशाल शर्मा ने बताया कि 19 मई को ग्राम बरमानी निवासी रघुवर अगरिया ने अपने बड़े भाई राजभान अगरिया के लापता होने की सूचना दी थी। पुलिस और ग्रामीणों द्वारा तलाश के दौरान ग्राम करमाई पड़ोहर टोला के जंगल स्थित सूखे कुएं से दुर्गंध आने पर जांच की गई, जहां अंदर जला हुआ शव मिला। शव की पहचान राजभान अगरिया के रूप में हुई।
पुलिस जांच में सामने आया कि मृतक का पुत्र कमलभान अगरिया अपने पिता से आए दिन होने वाले विवादों से परेशान था। इसी रंजिश में उसने अपने परिचित रबी सिंह गोंड को पिता की हत्या के लिए 5 हजार रुपये देने की बात कही थी। योजना के तहत 16 मई की रात आरोपियों ने राजभान अगरिया को घर से बाहर बुलाया और डंडों व खूंटे से हमला कर मौत के घाट उतार दिया।
हत्या के बाद आरोपियों ने शव को कंबल में लपेटकर जंगल के सूखे कुएं में फेंक दिया। पहचान मिटाने के उद्देश्य से शव में आग लगाई गई और ऊपर से झाड़ियां डालकर छिपाने का प्रयास किया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर पर गंभीर चोट और जलाने के साक्ष्य मिलने के बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
थाना प्रभारी विशाल शर्मा ने बताया कि तकनीकी साक्ष्य, साइबर जांच और पूछताछ के आधार पर पूरे हत्याकांड का खुलासा किया गया। जांच में यह भी सामने आया कि हत्या के बाद कमलभान ने मोबाइल ट्रांजेक्शन के जरिए आरोपियों को 5 हजार रुपये भेजे थे।
पुलिस ने मामले में मुख्य आरोपी कमलभान अगरिया सहित कुल 10 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मामले के खुलासे में एफएसएल टीम, फिंगरप्रिंट टीम और साइबर सेल की अहम भूमिका रही। पुलिस अधीक्षक संतोष कोरी के निर्देशन में कार्रवाई को अंजाम दिया गया।

