Sidhi news:शासकीय कन्या महाविद्यालय सीधी (म.प्र.) में उच्च शिक्षा विभाग, मध्य प्रदेश शासन के सहयोग से “वर्तमान बदलते वैश्विक परिदृश्य में भारत के समक्ष चुनौतियां और उसका समाधान” विषय पर आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय सेमिनार का समापन बुधवार, 25 फरवरी 2026 को संपन्न हुआ। सेमिनार में विभिन्न राज्यों से आए प्राध्यापकों, सहायक प्राध्यापकों, शोधार्थियों एवं छात्राओं ने समकालीन वैश्विक विषयों पर अपने विचार प्रस्तुत किए।
प्रथम दिवस भारत की वैश्विक भूमिका पर विमर्श
24 फरवरी 2026 को सेमिनार का उद्घाटन मुख्य अतिथि डॉ. प्रभाकर सिंह, प्राचार्य शासकीय संजय गांधी स्मृति महाविद्यालय सीधी द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया। अपने उद्बोधन में उन्होंने कहा कि बदलते वैश्विक परिदृश्य में भारत केवल सहभागी राष्ट्र नहीं, बल्कि नेतृत्वकर्ता की भूमिका में उभर रहा है। आत्मनिर्भरता, तकनीकी नवाचार और संतुलित विदेश नीति भारत को विश्व मंच पर सशक्त बनाएगी।
अध्यक्षीय उद्बोधन में महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. ओ.पी. नामदेव ने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों और शोधार्थियों को समकालीन विषयों पर गंभीर चिंतन का अवसर प्रदान करते हैं। सेमिनार के संयोजक डॉ. राजेश कुमार साहू (विभागाध्यक्ष, राजनीति विज्ञान) ने विषय प्रवर्तन प्रस्तुत किया।
Sidhi news:प्रथम सत्र के मुख्य वक्ता डॉ. एस.पी. शुक्ला (प्राध्यापक, राजनीति विज्ञान, शासकीय ठाकुर रणमत सिंह महाविद्यालय रीवा) ने कहा कि भारत वैश्विक निवेशकों के लिए आकर्षक गंतव्य बन चुका है, जहां स्टार्टअप, डिजिटल अर्थव्यवस्था, हरित ऊर्जा और नवाचार को प्राथमिकता दी जा रही है। सत्र की अध्यक्षता डॉ. आर.एन. पटेल (विभागाध्यक्ष, राजनीति विज्ञान, शासकीय शहीद केदारनाथ महाविद्यालय मऊगंज) ने की।
Sidhi news:द्वितीय सत्र के मुख्य वक्ता डॉ. के.बी. सिंह (विभागाध्यक्ष, राजनीति विज्ञान, शासकीय संजय गांधी स्मृति महाविद्यालय सीधी) ने कहा कि विश्व व्यवस्था एकध्रुवीयता से बहुध्रुवीयता की ओर अग्रसर है। ऐसे समय में भारत को रणनीतिक स्वायत्तता बनाए रखते हुए संतुलित और बहुपक्षीय कूटनीति अपनानी होगी। सत्र की अध्यक्षता डॉ. जितेंद्र कुमार जायसवाल (सहायक प्राध्यापक, राजनीति विज्ञान, शासकीय कन्या महाविद्यालय रीवा) ने की।
Sidhi news:प्रथम दिवस में डॉ. पुष्पा तिवारी, डॉ. हरि चरण अहिरवार (प्राचार्य, शासकीय महाविद्यालय बैकुंठपुर, रीवा) सहित विभिन्न महाविद्यालयों से आए प्राध्यापक एवं शोधार्थी उपस्थित रहे।
द्वितीय दिवस आत्मनिर्भरता और वैश्विक संतुलन पर जोर
Sidhi news:25 फरवरी को द्वितीय दिवस के मुख्य अतिथि डॉ. के.एस. नेताम (विभागाध्यक्ष, भूगोल, शासकीय संजय गांधी स्मृति महाविद्यालय सीधी) ने कहा कि वैश्विक आर्थिक अस्थिरता के दौर में आत्मनिर्भरता और स्थानीय उत्पादन को बढ़ावा देना आवश्यक है।
द्वितीय दिवस में विभिन्न तकनीकी सत्र आयोजित किए गए, जिनमें देश के अलग-अलग राज्यों एवं विश्वविद्यालयों से आए विद्वानों और शोधार्थियों ने शोध-पत्र प्रस्तुत किए। प्रथम सत्र की अध्यक्षता डॉ. के.बी. सिंह ने की।
Sidhi news:द्वितीय सत्र के मुख्य वक्ता डॉ. चंद्रकांत वंशीधर भांगे (विभागाध्यक्ष, सैन्य विज्ञान, श्री शिवाजी कॉलेज परभणी) रहे। सत्र की अध्यक्षता डॉ. सुषमा तिवारी (प्राचार्य, विप्र लॉ कॉलेज बिलासपुर) ने की। इस अवसर पर डॉ. राममिलन प्रजापति, डॉ. पुष्पराज सिंह, नीरज मिश्रा, सौरभ सिंह, पंकज साहू, विनोद सिंह, डॉ. विजय अहिरवार, डॉ. प्रीति केसरवानी सहित अनेक विद्वानों ने अपने शोध-पत्र प्रस्तुत किए। वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान वैश्विक परिवेश में भारत को आर्थिक सुदृढ़ता, तकनीकी आत्मनिर्भरता, कूटनीतिक संतुलन और सांस्कृतिक मूल्यों के माध्यम से अपनी स्थिति मजबूत करनी होगी।
सेमिनार का संचालन डॉ. आका सिंह तिवारी ने किया तथा आभार प्रदर्शन डॉ. पुष्पराज सिंह एवं प्रो. प्राची सिंह ने किया।
Sidhi news:दो दिवसीय इस राष्ट्रीय सेमिनार में उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र एवं मध्य प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों से आए प्राध्यापक, सहायक प्राध्यापक, शोधार्थी, महाविद्यालय का समस्त स्टाफ तथा बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं।


