किडनैपिंग की आशंका से मचा हड़कंप,कंटेनर में सवार दो लोगों पर बच्चियों को उठाने की कोशिश का आरोप, ग्रामीणों ने घेरकर पुलिस को सौंपा
एमपी के रीवा-सीधी मार्ग से सटे ग्राम बढौरा में सोमवार शाम उस समय हड़कंप मच गया जब कंटेनर में सवार दो लोगों पर गांव की स्कूली बच्चियों को पैसे देकर बहलाने और कथित तौर पर उठाने की कोशिश का आरोप लगा। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने दोनों संदिग्धों को घेरकर पकड़ लिया और सेमरिया थाने पहुंचा दिया।
वही जानकारी के अनुसार यह घटना सोमवार शाम करीब 4 बजे की है। ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम बढौरा के पास रीवा-सीधी मार्ग से लगभग 100 मीटर दूर सुनसान स्थान पर एक कंटेनर खड़ा था, जिसमें दो लोग सवार थे। उसी समय गांव की आठ बच्चियां स्कूल से परीक्षा देकर वापस लौट रही थीं। आरोप है कि कंटेनर में बैठे लोग बच्चियों को पैसे देकर अपने पास बुलाने की कोशिश कर रहे थे।
जहा अब ग्रामीणों के मुताबिक जब बच्चियों ने पैसे लेने से मना किया तो वे उन्हें जबरन अपने पास बुलाने और उठाने की फिराक में थे। बच्चियों ने शोर मचाया तो आसपास के लोगों को इसकी जानकारी लगी। देखते ही देखते बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और दोनों संदिग्धों को घेर लिया। इसके बाद उन्हें पकड़कर सीधे सेमरिया थाने ले जाया गया।
वही गांव की रहने वाली सीमा साकेत ने बताया कि उनकी बच्चियां परीक्षा देकर घर लौट रही थीं। उनका आरोप है कि संदिग्ध लोग बच्चियों को बहला-फुसलाकर ले जाने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन ग्रामीणों की सतर्कता से बड़ी घटना टल गई। उन्होंने यह भी कहा कि बच्चियों को फिलहाल थाने में बैठाया गया है और परिजनों को उनसे मिलने नहीं दिया जा रहा है, जिससे परिवार काफी परेशान है।
इस मामले मे ग्रामीण सुरेश भुजवा ने बताया कि गांव के कई लोग पिछले तीन घंटे से थाने के बाहर खड़े हैं, लेकिन पुलिस की ओर से स्पष्ट जानकारी नहीं दी जा रही है। उनका कहना है कि कंटेनर चालक को पकड़कर अंदर पूछताछ की जा रही है, जबकि ग्रामीणों का आरोप है कि बच्चियों को किडनैप करने की कोशिश की गई थी।
सेमरिया थाना प्रभारी केदार परौहा का कहना है कि प्रारंभिक पूछताछ में कंटेनर चालक ने बताया है कि उसकी बेटी का सोमवार को जन्मदिन है। जहा वह अपने घर पंजाब से दूर होने के कारण सड़क पर मिलने वाली छोटी बच्चियों को पैसे देकर कुछ खाने के लिए देना चाहता था और उसी बहाने अपनी बेटी का जन्मदिन उनके साथ मनाने की बात कह रहा था।
हालांकि अब ग्रामीणों की आशंका और बच्चियों के बयान को देखते हुए पुलिस मामले की जांच कर रही है। घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है और परिजन रो-रोकर बच्चियों की सुरक्षा को लेकर चिंता जता रहे हैं।

