रेलवे भूमि अधिग्रहण की कार्यवाही शुरू होते ही बनने लगे मकान
भू– अर्जन अधिकारी ने प्रभावित जमीनों में लगाया है प्रतिबंध
संजय सिंह मझौली
कार्यालय उपखंड अधिकारी एवं भू–अर्जन अधिकारी तहसील मझौली जिला सीधी के द्वारा आदेश क्रमांक 126/प्रवा /2026 दिनांक 2 फरवरी 2026 को आदेश जारी किया गया है जिसमें कहा गया है कि कटनी सिंगरौली रेल दोहरीकरण परियोजना अंतर्गत ब्योहारी जोब परिवर्तित मार्ग पर स्पेशल रेल प्रोजेक्ट हेतु भूमि अधिग्रहण प्राधिकारी भू अर्जन प्रतिनियुक्त किया गया है।

जिसके परिपेक्ष में तहसील मझौली अंतर्गत ग्राम चमराडोल,सेमरिहा, दड़ौर, पांड,धनौली,नेबूहा, मझौली, टेंकर,जमुना नंबर 02, सरैहा,ठोंगा,जोबा के भू– अर्जन की कार्यवाही हेतु परियोजना निर्माण में प्रभावित होने वाली भूमियों की सूची मय आपेक्षित रखवे एवं रेखांकित ग्राम बार नक्शे प्रेषित किए गए हैं। उक्त ग्रामों के भूमियों के क्रय, विक्रय/ हस्तांतरण,नामांतरण, बटवारा की संपूर्ण कार्यवाही पर रोक हेतु आदेश जारी किया गया है।
आदेश जारी होने के बावजूद बावजूद जैसे ही भू–अर्जन की कार्यवाही शुरू हो गई तो प्रतिबंधित आराजियों में नए मकानों का निर्माण शुरू हो गया है ताज्जुब तो तब होता है जब निर्माण के संबंध में पड़ोसियों तक को पता नहीं है कि कहां के व्यक्ति हैं और कौन निर्माण करा रहा है। ऐसे में सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि बाहरी पूंजीपति रेलवे परियोजना में मकान का मुआवजा लेने के चक्कर में निर्माण कार्य करा रहे हैं।

प्रशासनिक कार्यवाही सवालों के घेरे में
क्षेत्र में इस समय इस बात की चर्चा जोरों पर है कि जब भू– अर्जन अधिकारी के द्वारा प्रभावित आराजियों में रोक लगाई गई है तो इस बात पर नजर रखी जाए की किसी के द्वारा आदेश का उल्लंघन नहीं किया जाए लेकिन जब बाहरी पूंजीपति खुलेआम मकान निर्माण करा रहे हैं तो क्या प्रशासन को इसकी जानकारी नहीं है क्या? जिस कारण प्रशासनिक कार्य प्रणाली पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
इन ग्रामों में हो रहे मकान निर्माण
ग्राम चमराडोल, सेमरिहा,दड़ौर,पांड,धनौली, नेबूहा, टेंकर,जमुआ,ठोंगा, सरैहा जैसे ग्रामों के प्रतिबंधित आराजियों में मकान निर्माण शुरू हैं।अगर प्रशासनिक हस्तक्षेप नहीं किया गया तो मकानों के निर्माण का सिलसिला लगातार बढ़ता ही जाएगा।
प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद भी नहीं रख रहे निर्माण कार्य
ग्रामीणों के मुताबिक मकानों के निर्माण कार्य के संबंध में एसडीएम मझौली व तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक, पटवारी द्वारा मौके पर आकर निर्माण कार्यों पर रोक लगाई गई है लेकिन निर्माण कार्य जारी हैं और मकान निर्माण कार्यों की संख्या लगातार बढ़ भी रही है ऐसे में प्रशासनिक हस्तक्षेप पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।

इनका कहना
मकान निर्माण के संबंध में जहां से शिकायत आती है अथवा जानकारी मिलती है तो जाकर निर्माण कार्य रोका जाता है और संबंधित कार्यालय को अवगत भी कराया जाता है।
आर पी त्रिपाठी एस डी एम मझौली

