sidhi breaking:महिलाओं के आरोपों और वायरल कंटेंट के बाद हिन्दू,जागरण मंच ने प्रांत संयोजक सुमित जायसवाल को पद से हटाया”
विवादों में घिरे हिन्दू जागरण मंच के प्रांत संयोजक सुमित जायसवाल, महिलाओं के गंभीर आरोपों और वायरल आपत्तिजनक कंटेंट के बाद संगठन ने छीनी जिम्मेदारियां
sidhi breaking:हिन्दू जागरण मंच के प्रांत संयोजक और सीधी निवासी सुमित जायसवाल इन दिनों गंभीर विवादों के घेरे में हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हुए कथित आपत्तिजनक कंटेंट, तस्वीरों और महिलाओं द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों के बाद संगठन ने उन्हें फिलहाल सभी पदों और जिम्मेदारियों से मुक्त कर दिया है। संगठन ने स्पष्ट किया है कि जांच पूरी होने तक सुमित जायसवाल को केवल साधारण कार्यकर्ता के रूप में ही संगठन से जोड़ा जाएगा।
हिन्दू जागरण मंच की प्रांत इकाई के अनुसार, सोशल मीडिया के माध्यम से कुछ ऐसी सूचनाएं, तस्वीरें और वीडियो सामने आए हैं, जिनमें सुमित जायसवाल का नाम सीधे तौर पर जुड़ा बताया जा रहा है। इन मामलों की प्रामाणिकता की जांच अभी जारी है, लेकिन संगठनात्मक मर्यादा, छवि और अनुशासन को देखते हुए यह कदम उठाया गया है।
संगठन का बड़ा फैसला, जिम्मेदारियों से हटाया
sidhi breaking:प्रांत संचालक जबलपुर अनूप सिंह ने बताया कि लगभग एक माह पूर्व हुई संगठन की बैठक में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया था कि विवाद समाप्त होने और जांच रिपोर्ट आने तक सुमित जायसवाल को किसी भी प्रकार की संगठनात्मक जिम्मेदारी नहीं दी जाएगी। बीते एक माह से उन्हें मंच की ओर से कोई नई भूमिका या दायित्व नहीं सौंपा गया है।
महिलाओं ने लगाए गंभीर आरोप
इस पूरे मामले में महिलाओं द्वारा लगाए गए आरोप सबसे ज्यादा गंभीर बताए जा रहे हैं। सीधी की एक महिला, जो स्वयं को हिन्दू जागरण मंच की पूर्व पदाधिकारी बताती हैं, ने सुमित जायसवाल पर मारपीट, गाली-गलौज, छेड़छाड़ और मानसिक व शारीरिक शोषण जैसे आरोप लगाते हुए सीधी कोतवाली और पुलिस अधीक्षक को लिखित शिकायत दी है।
वहीं, एक अन्य महिला ने सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के माध्यम से आरोप लगाया कि सुमित जायसवाल ने रात के समय रास्ता रोककर उनके साथ अभद्रता की, गलत इरादे से पकड़ने की कोशिश की और आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग किया। महिला ने मामले में निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए पुलिस से कार्रवाई की गुहार लगाई है।
सोशल मीडिया पर वायरल तस्वीरों से मचा बवाल
sidhi breaking:हाल ही में सोशल मीडिया पर सुमित जायसवाल से जुड़ी कुछ कथित आपत्तिजनक तस्वीरें वायरल हुई हैं, जिनमें उन्हें एक महिला के साथ आपत्तिजनक स्थिति में दिखाए जाने का दावा किया जा रहा है। इन तस्वीरों और वीडियो को लेकर स्थानीय सोशल मीडिया पेजों, रील्स और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर लगातार पोस्ट किए जा रहे हैं, जिससे मामला और अधिक तूल पकड़ता जा रहा है।
आरोप–प्रत्यारोप और पुलिस कार्रवाई
विरोध करने वालों का आरोप है कि सुमित जायसवाल ने हिन्दू जागरण मंच की पदवी और पहचान का दुरुपयोग कर महिलाओं का शोषण किया, जबकि समर्थक पक्ष इसे संगठन और व्यक्ति की छवि खराब करने की साजिश बता रहा है।
स्थानीय डिजिटल मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, एक महिला की शिकायत पर सुमित जायसवाल के खिलाफ अभद्रता और छेड़छाड़ के मामले में एफआईआर दर्ज किए जाने की बात सामने आई है, हालांकि पुलिस स्तर पर धाराओं और केस की स्थिति की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही होने की बात कही जा रही है। इसके अलावा पुराने विवाद में अश्लील गालियां देने और जान से मारने की धमकी के मामलों में भी आवेदन और अपराध दर्ज होने की चर्चाएं हैं।
जांच के बाद तय होगा भविष्य
प्रांत संचालक अनूप सिंह ने साफ किया है कि संगठन किसी भी मामले में जल्दबाजी में निर्णय नहीं लेता। जांच रिपोर्ट, पुलिस कार्रवाई और तथ्यों के सामने आने के बाद ही अंतिम फैसला लिया जाएगा। यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो सुमित जायसवाल के खिलाफ संगठनात्मक और कानूनी स्तर पर कड़ी कार्रवाई तय मानी जा रही है।
पद से हटाए जाने के बाद हिंदू जागरण मंच के दांत संयोजक सुमित जायसवाल ने कहा कि मुझे इसके बारे में कोई जानकारी नहीं है आपको जहां से जानकारी मिली है आप वही बात करिए मैं इसके बारे में कुछ भी नहीं बोल सकता हूं
