दर्दनाक हादसा, कार में जिंदा जले पिता-पुत्र, कई और वाहनों में भी लगी आग
छिंदवाड़ा: होली से तीन दिन पहले छिंदवाड़ा में दर्दनाक घटना हो गई. रविवार को एक्सीडेंट के बाद सीएनजी कार में ब्लास्ट होने से आग लग गई. जिसके बाद कार आग का गोल बन गई. हादसे में 2 लोग जिंदा जल गए. घटना की जानकारी छिंदवाड़ा के कुंडीपुरा थाना के टीआई महेंद्र भगत ने दी है. यह घटना रविवार देर रात की बताई जा रही है.
ट्रैफिक सिग्नल पॉइंट से टकराई गाड़ी, यूपी से आ रहे थे घर
कुंडीपुरा टीआई महेंद्र भगत ने जानकारी देते हुए बताया कि घटना रविवार और सोमवार दरमियानी रात की है. कार उत्तर प्रदेश से आ रही थी. जिसमें पिता अमृत सिंह 61 साल और बेटा अरुण सिंह 22 साल सवार थे. रफ्तार तेज होने के चलते कार बेकाबू हो गई और पहले साइन बोर्ड से टकराई. इसके बाद एक गैरेज के सामने खड़ी बोलेरो से जा भिड़ी. एक्सीडेंट के बाद सीएनजी सिलेंडर में ब्लास्ट हो गया और कार में आग लगी गई.
इस भीषण हादसे में कार में सवार पिता-पुत्र जिंदा जल गए. टीआई ने बताया कि घटना इतनी भयानक थी कि बोलेरो से टकराने के बाद गैरेज में खड़ी दो और गाड़ियों में आग लग गई थी. इतना ही नहीं जिसका एक्सीडेंट हुआ वह कार आग का गोला बन गई थी. तुरंत फायर ब्रिगेड को बुलाया गया. जहां दो फायर ब्रिगेड ने आग पर काबू पाया. जब आग बुझ गई तो पिता-पुत्र के शव निकालकर अस्पताल पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया गया.
नींद की झपकी आने से हुआ होगा हादसा
टीआई महेंद्र ने कहा कि प्रथम दृष्टि या एक्सीडेंट लग रहा है. ऐसा लग रहा है जैसे नींद की झपकी आने के कारण कार अनियंत्रित होकर साइन बोर्ड से टकराई और फिर गैरेज के सामने खड़ी बोलेरो से टकराई. हालांकि इस पूरे मामले को लेकर पुलिस जांच कर रही है आखिर हादसा होने का क्या कारण था? बता दें मृतक अमृत सिंह WCL के रिटायर्ड कर्मचारी थे. छिंदवाड़ा के परासिया स्थित दिघावानी में उनकी पत्नी, बेटा और भाई रहते हैं. यूपी में वह अपने पुश्तैनी गांव गए थे, जहां से घर वापस लौटते वक्त हादसे का शिकार हो गए.

