योजनाओं की भरमार, मगर अमिलिया मार्केट में शौचालय नहीं! महिला अधिकारी होने के बाद भी समस्या बरकरार
सीधी–सिहावल | रिपोर्टर: राजबहोर केवट
सिहावल विधानसभा क्षेत्र में विकास योजनाओं की लंबी फेहरिस्त गिनाई जाती है। सरकार की ओर से हर घर नल-जल योजना, अंधेरे वाले इलाकों में सौर ऊर्जा लाइट, और बरसात के पानी की निकासी के लिए विशेष नाली निर्माण जैसे कई काम किए जा रहे हैं।
लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि अमिलिया मार्केट जैसे व्यस्त बाजार में आज तक एक सार्वजनिक शौचालय तक नहीं बन पाया है।
यह बाजार क्षेत्र आसपास के कई गांवों का मुख्य व्यापारिक केंद्र है, जहां रोजाना बड़ी संख्या में महिलाएं, ग्रामीण और व्यापारी आते-जाते हैं।
ऐसे में शौचालय की व्यवस्था न होना लोगों के लिए बड़ी परेशानी का कारण बना हुआ है और सामाजिक मर्यादा पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
सबसे बड़ी बात यह है कि सिहावल एसडीएम और जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी दोनों ही महिला अधिकारी हैं, इसके बावजूद अमिलिया मार्केट में महिलाओं की इस बुनियादी जरूरत पर अब तक ठोस पहल नहीं हो सकी है।
वहीं क्षेत्रीय विधायक विश्वामित्र पाठक और विपक्ष के वरिष्ठ नेता व पूर्व मंत्री कमलेश्वर पटेल भी अक्सर जनहित के मुद्दों पर सक्रिय नजर आते हैं, लेकिन अमिलिया मार्केट के सार्वजनिक शौचालय का मुद्दा अब तक उनकी प्राथमिकता में नजर नहीं आया।
स्थानीय व्यापारियों और क्षेत्रवासियों का कहना है कि यदि जनप्रतिनिधि और प्रशासन थोड़ी गंभीरता दिखाएं तो बाजार में सार्वजनिक शौचालय का निर्माण कराना मुश्किल नहीं है।
अब देखना होगा कि सिहावल की राजनीति और प्रशासन में बैठे जिम्मेदार लोग इस छोटी लेकिन जरूरी समस्या पर कब ध्यान देते हैं, या फिर अमिलिया मार्केट के लोग इसी तरह असुविधा झेलते रहेंगे।

