लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश, 10 घंटे होगी बहस
नई दिल्ली: संसद के बजट सत्र के दूसरे चरण का आज दूसरा दिन है. सोमवार को पहले दिन, ईरान युद्ध पर चर्चा की मांग को लेकर संसद में काफी हंगामा हुआ, जिससे दोनों सदनों की कार्यवाही बाधित हुई. मंगलवार को भी लोकसभा की कार्यवाही शुरू होने के बाद सदन में भारी हंगामा हुआ, जिसके कारण लोकसभा दोपहर 12 बजे तक स्थगित करनी पड़ी. कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए एक प्रस्ताव सदन में पेश की. विपक्ष के 118 सांसदों ने इस प्रस्ताव पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसमें आरोप लगाया गया है कि विपक्ष के नेता राहुल गांधी को कथित तौर पर सदन में बोलने की इजाजत नहीं देकर स्पीकर ने “पक्षपातपूर्ण” व्यवहार किया है.
सूत्रों के मुताबिक, संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू प्रस्ताव पर चर्चा शुरू करेंगे. भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर, निशिकांत दुबे, रविशंकर प्रसाद और भर्तृहरि महताब इस मामले पर अपनी बात रखेंगे. लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के चिराग पासवान भी चर्चा के दौरान सदन को संबोधित करेंगे.
कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई, मनीष तिवारी, दीपेंद्र सिंह हुड्डा और जोथिमणि लोकसभा स्पीकर को हटाने की मांग वाले प्रस्ताव के पक्ष में लोकसभा में अपनी दलीलें पेश करेंगे.
संसद का बजट सत्र 28 जनवरी को शुरू हुआ था. बजट सत्र का पहला हिस्सा 13 फरवरी तक चला और दूसरा हिस्सा 2 अप्रैल को खत्म होगा.
किरेन रिजिजू का लोकसभा में भाषण
लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का विरोध करते हुए संसदीय मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि उन्हें बुरा लगा जब विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने कहा कि उन्हें संसद में बोलने के लिए किसी की इजाजत की जरूरत नहीं है. रिजिजू ने कहा कि सदन में बोलने के लिए स्पीकर से इजाजत लेनी पड़ती है.
उन्होंने कहा, “मुझे बुरा लगा जब LoP ने कहा कि उन्हें संसद में बोलने के लिए किसी की इजाजत की जरूरत नहीं है. फिर मुझे हैरानी हुई कि किसी वरिष्ठ नेता ने उन्हें यह क्यों नहीं समझाया कि संसद में बोलने के लिए स्पीकर से इजाजत लेनी पड़ती है.

