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कलेक्ट्रेट में अफसर बेपरवाह, आवारा कुत्तों के बीच फरियादी; नायब तहसीलदार बोलीं- “जो लिखना है लिख दो, मुझे फर्क नहीं पड़ता”

राजू गुप्ता ।। State Head @NewsE7Live

By राजू गुप्ता ।। State Head @NewsE7Live

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कलेक्ट्रेट में अफसर बेपरवाह, आवारा कुत्तों के बीच फरियादी; नायब तहसीलदार बोलीं- “जो लिखना है लिख दो, मुझे फर्क नहीं पड़ता”

सीधी। आम जनता की समस्याओं का समाधान करने वाला जिला कलेक्ट्रेट परिसर इन दिनों खुद अव्यवस्था का शिकार नजर आ रहा है। तहसीलदार, एसडीएम, नायब तहसीलदार, अपर कलेक्टर और कलेक्टर से मिलने आने वाले लोगों को पहले आवारा कुत्तों का सामना करना पड़ता है। कलेक्ट्रेट परिसर में दर्जनों कुत्तों का जमावड़ा लगा रहता है, जिससे फरियादियों में डर और असुरक्षा का माहौल बना हुआ है।

बुधवार सुबह करीब 11 बजे कलेक्ट्रेट परिसर के विभिन्न हिस्सों में आवारा कुत्ते खुलेआम घूमते और तहसीलदार के कक्ष के सामने पांच से अधिक कुत्ते बैठे दिखाई दिए। अधिकारियों से मिलने पहुंचे कई लोगों ने बताया कि उन्हें कुत्तों से डर लगता है, लेकिन मजबूरी में अपनी जान जोखिम में डालकर दफ्तरों तक पहुंचना पड़ता है।

हैरानी की बात यह है कि पूरे कलेक्ट्रेट परिसर में सुरक्षा व्यवस्था के नाम पर लगभग 20 से अधिक चौकीदार और गार्ड तैनात हैं। इसके बावजूद आवारा कुत्तों की मौजूदगी पर कोई नियंत्रण नहीं दिख रहा है। इस मुद्दे पर शिवसेना के प्रदेश उपाध्यक्ष विवेक पांडे ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब हर कार्यालय के बाहर चौकीदार मौजूद हैं, तब भी कलेक्ट्रेट परिसर में आवारा कुत्तों का घूमना प्रशासनिक लापरवाही को दर्शाता है।

सबसे ज्यादा चर्चा नायब तहसीलदार वृत्त सेमरिया एकता शुक्ला के जवाब की हो रही है। जब उनसे परिसर में बैठे कुत्तों के संबंध में सवाल किया गया तो उन्होंने कहा, “कुत्ते बैठे रहते हैं तो मैं क्या करूं, आपको जो लिखना है लिख दो, हमें कोई फर्क नहीं पड़ता। क्या अब हम कुत्ते भगाएं, क्या यही मेरा काम है?” उनका यह जवाब आम लोगों के प्रति संवेदनशील प्रशासन की छवि पर सवाल खड़े करता है।

जिला कलेक्टर विकास मिश्रा को क्षेत्र में सक्रिय और जनता से सीधे संवाद करने वाला अधिकारी माना जाता है। लेकिन विडंबना यह है कि उनके ही कार्यालय परिसर में आम नागरिक आवारा कुत्तों के डर के बीच अधिकारियों तक पहुंचने को मजबूर हैं। सवाल यह है कि जब कलेक्ट्रेट जैसी महत्वपूर्ण जगह की व्यवस्था नहीं सुधर पा रही है तो आम जनता बेहतर प्रशासन की उम्मीद किससे करे? अब देखना होगा कि जिला प्रशासन इस समस्या को गंभीरता से लेकर कोई ठोस कदम उठाता है या फिर फरियादी इसी तरह आवारा कुत्तों के बीच अपनी फरियाद लेकर भटकते रहेंगे।

राजू गुप्ता ।। State Head @NewsE7Live

राजू गुप्ता ।। State Head @NewsE7Live

राजू गुप्ता मध्य प्रदेश के सीधी जिले के एक सक्रिय और ज़मीनी पत्रकार हैं। वे लंबे समय से स्थानीय मुद्दों, जनसमस्याओं, प्रशासनिक गतिविधियों और सामाजिक सरोकारों पर तथ्यात्मक एवं निष्पक्ष रिपोर्टिंग करते आ रहे हैं।

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