आज दिव्यांग उपकरण वितरण कार्यक्रम में पहुंच सकते हैं सांसद-विधायक, फिर भी मूलभूत सुविधा बदहाल…

सीधी/सिहावल।

जिले के सिहावल विधानसभा के सिंहावल मुख्यालय परिसर में लाखों रुपए की लागत से बनाए गए सार्वजनिक शौचालय की हालत अब सरकारी व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर रही है। आम जनता की सुविधा के नाम पर बनाए गए इस शौचालय में अधिकतर समय ताला लटका रहता है, जिससे दूर-दराज से आने वाले हितग्राहियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।

विडंबना यह है कि आज दिनांक को जनपद मुख्यालय परिसर में चिन्हित दिव्यांगजनों को उपकरण वितरण कार्यक्रम आयोजित किया जाना सुनिश्चित है, जिसमें जनप्रतिनिधियों एवं प्रशासनिक अधिकारियों का जमावड़ा लग सकता है। सूत्रों की मानें तो कार्यक्रम में सांसद और विधायक का भी आगमन संभव है, लेकिन जिस परिसर में कार्यक्रम होना है वहीं आमजन के लिए शौचालय सुविधा बंद पड़ी है।

सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों को केवल मंच, माला और भाषण तक ही जिम्मेदारी निभानी है? क्या कभी उन्होंने यह देखने की कोशिश की कि जिस परिसर में प्रतिदिन सैकड़ों महिलाएं, बुजुर्ग और दिव्यांग पहुंचते हैं वहां शौचालय जैसी बुनियादी सुविधा तक उपलब्ध नहीं है?

मुख्यालय परिसर में महिला एवं बाल विकास, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग तथा जनपद कार्यालय संचालित हैं, जहां महिलाओं की आवाजाही लगातार बनी रहती है। इसके बावजूद सार्वजनिक शौचालय में ताला लटका रहना प्रशासनिक संवेदनहीनता को उजागर करता है। मजबूरी में महिलाओं को खुले स्थान, झाड़ियों और दीवारों की आड़ लेने पर विवश होना पड़ता है, जो न सिर्फ शर्मनाक बल्कि स्वच्छता अभियान की भी खुली पोल है।

स्थानीय लोगों का आरोप है कि पंचायत स्तर पर बनाए गए अधिकांश सार्वजनिक शौचालय केवल कागजों में संचालित हैं। हकीकत यह है कि उनकी चाबियां सरपंच और सचिवों की जेबों में कैद रहती हैं। ऐसे में सवाल उठना लाजमी है कि आखिर लाखों रुपए खर्च कर बनाए गए इन शौचालयों का उपयोग जनता के लिए है या केवल सरकारी फाइलों और फोटो खिंचवाने तक सीमित है?

क्षेत्रवासियों का कहना है कि इस गंभीर समस्या को पहले भी कई बार उठाया गया, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी और जनप्रतिनिधि आंख मूंदे बैठे हैं। मंचों से बड़े-बड़े वादे करने वाले नेताओं की नजर आखिर इस मूलभूत समस्या पर क्यों नहीं पड़ती? जनता अब पूछ रही है कि क्या स्वच्छता अभियान सिर्फ भाषणों और पोस्टरों तक ही सीमित रह गया है?

अब देखना यह होगा कि आज होने वाले कार्यक्रम में पहुंचने वाले जनप्रतिनिधि और अधिकारी इस बदहाल व्यवस्था पर कोई कार्रवाई करते हैं या फिर हमेशा की तरह भाषण देकर निकल जाएंगे।

रिपोर्टर : राजबहोर केवट

स्थान : सीधी सिहावल

न्यूज़ : E7 लाइव