बिरसिंहपुर पाली में नकली बीड़ी बिक्री का खुलासा, तीन प्रतिष्ठित दुकानों से बरामद, समझौते के बाद मामला दबा
उमरिया तपस गुप्ता (7999276090)
जिले के बिरसिंहपुर पाली नगर में नकली बीड़ी की बिक्री का मामला सामने आने के बाद बाजार और आम लोगों में चर्चा तेज हो गई है। जानकारी के अनुसार, एक नामी बीड़ी कंपनी के कर्मचारियों ने नगर की तीन प्रतिष्ठित किराना दुकानों में छापामार कार्रवाई कर नकली बीड़ी बरामद की। यह कार्रवाई कंपनी के आंतरिक निरीक्षण के दौरान की गई, जब कंपनी को पाली क्षेत्र में अपनी ब्रांड की नकली बीड़ी बिकने की शिकायतें मिल रही थीं।
सूत्रों के मुताबिक, कंपनी के कर्मचारियों ने दुकानों में पहुंचकर बीड़ी के पैकेट, बंडल और लेबल की जांच की। जांच में बीड़ी की पैकिंग, होलोग्राम और कोड में गड़बड़ी पाई गई, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि बीड़ी नकली है और कंपनी के अधिकृत उत्पादन से इसका कोई संबंध नहीं है। कर्मचारियों ने मौके पर ही नकली बीड़ी को अलग कर अपने कब्जे में लिया।
हालांकि, हैरानी की बात यह रही कि इतनी गंभीर अनियमितता सामने आने के बावजूद मामले को पुलिस या प्रशासन तक नहीं पहुंचाया गया। बताया जा रहा है कि कंपनी के कर्मचारियों ने दुकानदारों को समझाइश दी और इसके बाद आपसी सहमति से मामला रफा-दफा कर दिया गया। इस घटनाक्रम के बाद नगर में यह सवाल उठने लगा है कि आखिर इतनी बड़ी कार्रवाई के बाद भी कानूनी प्रक्रिया क्यों नहीं अपनाई गई।
स्थानीय व्यापारियों और उपभोक्ताओं के बीच इस पूरे मामले को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। कुछ लोगों का कहना है कि नकली बीड़ी का कारोबार लंबे समय से चल रहा है और यह पहली बार नहीं है जब इस तरह की शिकायत सामने आई हो। वहीं, कुछ लोगों का यह भी मानना है कि यदि मामले को दबा दिया गया तो नकली उत्पादों का कारोबार और बढ़ सकता है, जिससे न केवल उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ होगा बल्कि सरकार को राजस्व का भी नुकसान होगा।
बाजार में यह चर्चा भी जोरों पर है कि यदि कंपनी के कर्मचारी स्वयं नकली बीड़ी पकड़ रहे हैं, तो प्रशासन और खाद्य एवं वाणिज्यिक विभाग की भूमिका पर भी सवाल उठते हैं। लोगों की मांग है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो और नकली बीड़ी बेचने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की गतिविधियों पर रोक लग सके और उपभोक्ताओं का भरोसा बना रहे।
