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बाँधवगढ़ टाइगर रिजर्व में हाथी महोत्सव का पाँचवाँ दिन पारंपरिक रंग और उमंग के साथ संपन्न

Tapas Gupta

By Tapas Gupta

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बाँधवगढ़ टाइगर रिजर्व में हाथी महोत्सव का पाँचवाँ दिन पारंपरिक रंग और उमंग के साथ संपन्न

उमरिया तपस गुप्ता (7999276090)

बाँधवगढ़ टाइगर रिजर्व में चल रहे सात दिवसीय हाथी महोत्सव का पाँचवाँ दिन रविवार 28 सितंबर को ताला मेन गेट परिसर में हर्ष और उत्साह के बीच मनाया गया। इस आयोजन ने एक ओर जहाँ स्थानीय संस्कृति और परंपरा को जीवंत किया, वहीं दूसरी ओर हाथियों और वन्यजीव संरक्षण के प्रति जनमानस में जागरूकता का संदेश भी दिया।

 

कार्यक्रम में करीब 150 से अधिक ग्रामीण आगंतुकों के साथ कोर्ट अधिवक्तागण, जिप्सी यूनियन एवं रिसॉर्ट यूनियन के प्रतिनिधि, बफ़र जोन में ठहरे देशी-विदेशी पर्यटक तथा वन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी शामिल हुए।

परंपरा और संस्कृति की झलक

महोत्सव का आगाज़ बिझरिया गाँव के जनजातीय कलाकारों द्वारा प्रस्तुत पारंपरिक करमा और शैला नृत्य से हुआ। नृत्य की लय और रंग ने दर्शकों को बाँध लिया और सभी को स्थानीय लोक-संस्कृति की गहराई का अनुभव कराया। इसके बाद उपस्थित आगंतुकों ने बाँधवी और लक्ष्मण नामक हाथियों को अपने हाथों से सेब, केला, अमरूद, गन्ना और नारियल खिलाकर उनसे आत्मीयता का संबंध जोड़ा।

स्वास्थ्य परीक्षण शिविर

महोत्सव के दौरान हाथियों के साथ कार्यरत महावतों, चारा कटरों और अन्य वनकर्मियों के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन भी किया गया। जिला चिकित्सालय उमरिया से पहुँची विशेषज्ञ टीम—डॉ. के.सी. सोनी, डॉ. मुकुल तिवारी और डॉ. संदीप सिंह—ने कर्मचारियों का परीक्षण किया। इस पहल से 65 से अधिक कर्मचारी लाभान्वित हुए। वन विभाग की यह कोशिश कर्मचारियों के स्वास्थ्य और कल्याण के प्रति उसकी संवेदनशीलता को दर्शाती है।

विशेष सहभागिता

महोत्सव में विशेष रूप से SDO श्रीमती सोनम गढ़पाल, वेटरनरी ऑफिसर डॉ. राजेश तोमर, RO धमोखर श्री सचिन सिंह, RO खितौली श्री स्वस्ति श्री जैन और RO ताला श्री राहुल किरार उपस्थित रहे।

संरक्षण का संदेश

फील्ड डायरेक्टर डॉ. अनुपम सहाय के मार्गदर्शन में संपन्न हुए इस आयोजन ने संरक्षण और सहभागिता की भावना को मजबूत किया। उन्होंने कहा कि हाथी महोत्सव न केवल हाथियों और वन्यजीवों के प्रति जनभावनाओं को प्रोत्साहित करता है, बल्कि स्थानीय समुदाय, पर्यटन व्यवसायियों और आम नागरिकों को भी संरक्षण की इस साझी मुहिम से जोड़ता है।

पूरे कार्यक्रम का माहौल शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण रहा। ग्रामीणों से लेकर पर्यटकों तक सभी ने इस प्रयास की सराहना की और अपेक्षा जताई कि भविष्य में भी ऐसे आयोजन निरंतर होते रहें।

Tapas Gupta

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मै तपस गुप्ता 9 सालों से लगातार पत्रकारिता मे सक्रिय हूं, समय पर और सटीक जानकारी उपलब्ध कराना ही मेरी पहली प्राथमिकता है। मो-7999276090

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