जनसुनवाई में बदला सिस्टम, कलेक्टर खुद पहुंचे लोगों के बीच, 4 बजे तक सुनी सैकड़ों समस्याएं
सीधी जिला पंचायत कार्यालय में मंगलवार को आयोजित जनसुनवाई इस बार कई मायनों में खास रही। पहली बार यह जनसुनवाई शाम 4 बजे तक चली, जिसमें सैकड़ों लोगों की समस्याएं गंभीरता से सुनी गईं। खास बात यह रही कि कलेक्टर विकास मिश्रा खुद लोगों के बीच जाकर उनकी समस्याएं सुनते नजर आए, जिससे आमजन में भरोसा और संतोष देखने को मिला।
इस जनसुनवाई के दौरान कलेक्टर ने अपनी कुर्सी तक सीमित रहने के बजाय लोगों के पास जाकर उनकी बात सुनी। इस दौरान उन्होंने कहा, “अगर लोग 100 किलोमीटर दूर से अपनी समस्या लेकर यहां आ सकते हैं, तो मेरा कर्तव्य है कि मैं उनके पास जाकर उनकी बात सुनूं। मैं जनसेवक हूं और लोगों की सेवा करना ही मेरी प्राथमिकता है।”
सीधी कलेक्टर ने यह भी स्पष्ट किया कि प्रशासन की प्राथमिकता सिर्फ समस्याएं सुनना नहीं, बल्कि उनका समय पर समाधान करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ऐसी व्यवस्था बनाई जाए जिससे लोगों को बार-बार जनसुनवाई में न आना पड़े। उन्होंने कहा कि कई लोग अपनी समस्याओं के समाधान के लिए 2 से 4 बार तक जनसुनवाई में आते हैं, जो प्रशासनिक व्यवस्था की कमी को दर्शाता है। इस स्थिति में सुधार लाना बेहद जरूरी है।
अब आज की जनसुनवाई में रामपुर नैकिन, चुरहट, मझौली, सिहावल, बाहरी सहित जिले के विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। सभी ने अपनी-अपनी समस्याएं प्रशासन के सामने रखीं, जिनमें राजस्व, सड़क, बिजली, पानी और अन्य मूलभूत सुविधाओं से जुड़े मामले प्रमुख रहे।
जहा यह जनसुनवाई दोपहर 12 बजे से शुरू होकर शाम 4 बजे तक लगातार चली। प्रशासन के इस बदले हुए रवैये और सक्रियता से लोगों में उम्मीद जगी है कि अब उनकी समस्याओं का समाधान तेजी से होगा।

