संवाददाता अनिल शर्मा
Sidhi news:जिले में नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार को जड़ से उखाड़ने और अपराधियों को न्यायालय से कड़ी सजा दिलाने के संकल्प के साथ, आज पुलिस अधीक्षक श्री संतोष कोरी के विशेष निर्देशन में जिला पुलिस मुख्यालय के सभागार में एक उच्च स्तरीय प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यशाला NDPS (स्वापक औषधि और मन:प्रभावी पदार्थ) अधिनियम के तहत की जाने वाली विवेचना की गुणवत्ता और विधिक बारीकियों पर केंद्रित रही।
न्यायिक विशेषज्ञों ने दी ‘क्वालिटी इन्वेस्टिगेशन’ की ट्रेनिंग
Sidhi news:प्रशिक्षण में मुख्य अतिथि के रूप में अपर सत्र न्यायाधीश श्री राकेश सोनी उपस्थित रहे। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि मादक पदार्थों के विरुद्ध कार्रवाई में ‘प्रक्रियात्मक शुद्धता’ ही आरोपी को सजा दिलाने की मुख्य कुंजी है। कार्यक्रम में जीपी श्री सुखेद्र द्विवेदी एवं एजीपी श्री अरुण मिश्रा ने भी साक्ष्य संकलन, जब्ती की कार्रवाई और पंचनामा तैयार करने के दौरान होने वाली तकनीकी त्रुटियों को दूर करने के संबंध में महत्वपूर्ण विधिक मार्गदर्शन प्रदान किया।
कार्यशाला में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति
इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अरविन्द श्रीवास्तव, एसडीओपी चुरहट रवि प्रकाश कौल, रक्षित निरीक्षक बीरेंद्र कुमरे सहित जिले के समस्त थाना व चौकी प्रभारी एवं अन्य विवेचक अधिकारी उपस्थित रहे।
प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य
कार्यशाला का मुख्य फोकस एनडीपीएस मामलों में ‘क्वालिटी इन्वेस्टिगेशन’ पर रहा। चर्चा के दौरान निम्नलिखित बिंदुओं पर विशेष बल दिया गया:
जब्ती और पंचनामा तैयार करते समय वैधानिक प्रक्रियाओं का अक्षरशः पालन।
साक्ष्यों का सही ढंग से दस्तावेजीकरण ताकि न्यायालय में केस मजबूत रहे।
नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार में संलिप्त अपराधियों को सजायाब कराने हेतु प्रभावी पैरवी।
सफल संचालन एवं आभार
Sidhi news:प्रशिक्षण कार्यक्रम के संचालन का दायित्व निरीक्षक अरुणा द्विवेदी (थाना प्रभारी कुसमी) ने बखूबी निभाया। कार्यक्रम के समापन पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अरविन्द श्रीवास्तव ने उपस्थित सभी अतिथियों और अधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए प्रशिक्षण में सीखी गई बातों को मैदानी स्तर पर अमल में लाने का आह्वान किया।


