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Sidhi news:वर्ष के आख़िरी दिन संजय टाइगर रिज़र्व में बाघों की वर्चस्व की जंग, दोनों नर बाघ घायल

Manoj Shukla

By Manoj Shukla

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Sidhi news:वर्ष के आख़िरी दिन संजय टाइगर रिज़र्व में बाघों की वर्चस्व की जंग, दोनों नर बाघ घायल,पर्यटक बने दुर्लभ नज़ारे के गवाह

Sidhi news:वर्ष 2025 के अंतिम दिन बुधवार 31 दिसंबर को संजय टाइगर रिज़र्व, सीधी में प्रातःकालीन सफारी के दौरान पर्यटकों ने वन्यजीवन का एक अत्यंत दुर्लभ और रोमांचक दृश्य अपनी आंखों से देखा। आज सुबह करीब 11:00 बजे, जब पर्यटकों की जिप्सियां जंगल के भीतर पहुंचीं, तभी दुबरी परिक्षेत्र में दो नर बाघों के बीच क्षेत्रीय वर्चस्व और प्रभुत्व को लेकर भीषण संघर्ष चल रहा था। इस संघर्ष में दोनों बाघ घायल हो गए।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोनों नर बाघ काफी देर तक एक-दूसरे पर आक्रामक होते रहे। पर्यटकों ने इस दुर्लभ घटना को अपने कैमरों में कैद किया, जो वन्यजीव प्रेमियों के लिए एक असाधारण अनुभव बन गया। प्रबंधन द्वारा बाघों की पहचान टी-56 और दुबरी परिक्षेत्र में हाल ही में आए नए नर बाघ के रूप में की गई है। यह घटना दुबरी परिक्षेत्र की बीट बहेरवार के कक्ष क्रमांक आरएफ-166 में घटित हुई।

Sidhi news:संघर्ष के बाद दोनों बाघ घायल अवस्था में पाए गए, जिसके बाद संजय टाइगर रिज़र्व प्रबंधन पूरी तरह सतर्क हो गया। घायल बाघों की सुरक्षा और निगरानी के लिए तीन हाथियों, दो जिप्सियों और लगभग 25 वनकर्मियों की टीम को मौके पर तैनात किया गया है। हाथियों की मदद से चारों ओर से निगरानी रखी जा रही है, ताकि बाघों के साथ कोई और हादसा न हो और वे सुरक्षित रहें। संजय टाइगर रिज़र्व के वन्यप्राणी स्वास्थ्य अधिकारी भी मौके पर मौजूद हैं और बाघों की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।

इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी संजय टाइगर रिज़र्व के एसडीओ सुधीर मिश्रा ने दी। उन्होंने बताया कि रिज़र्व में बाघों की संख्या में निरंतर वृद्धि हो रही है, जिसके चलते आपसी संघर्ष की घटनाएं भी बढ़ रही हैं। उन्होंने यह भी स्मरण कराया कि कुछ दिन पूर्व नर बाघ टी-61 और मादा टी-60 के बीच संघर्ष हुआ था, जिसमें टी-61 द्वारा टी-60 के दो शावकों को मारने की घटना सामने आई थी।

वन्यजीव विशेषज्ञों के अनुसार, टाइगर इकोलॉजी में क्षेत्रीय सम्प्रभुता और वर्चस्व स्थापित करने के लिए इस प्रकार के संघर्ष पूरी तरह प्राकृतिक हैं। यह प्रकृति में “सर्वाइवल ऑफ द फिटेस्ट” के सिद्धांत को दर्शाता है। प्रबंधन ने स्पष्ट किया है कि स्थिति नियंत्रण में है और दोनों घायल बाघों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।

Manoj Shukla

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मै मनोज कुमार शुक्ला 9 सालों से लगातार पत्रकारिता मे सक्रिय हूं, समय पर और सटीक जानकारी उपलब्ध कराना ही मेरी पहली प्राथमिकता है।

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