धान चोरी के आरोप से उभरा बवाल: मारपीट के बाद चंदिया ओपन कैप में ठप हुआ परिवहन, प्रशासन की बढ़ी मुश्किल
उमरिया तपस गुप्ता (7999276090)
जिले के चंदिया स्थित मध्य प्रदेश वेयरहाउसिंग एंड लॉजिस्टिक्स कॉर्पोरेशन के ओपन कैप में धान चोरी के आरोपों ने अब गंभीर रूप ले लिया है। सोमवार रात ट्रक ड्राइवरों के साथ हुई मारपीट की घटना के बाद हालात इतने बिगड़े कि पूरे जिले में धान परिवहन रुक गया। आक्रोश और डर के माहौल में ड्राइवरों ने अपने ट्रक जहां-तहां खड़े कर दिए, जिससे प्रशासन और खाद्य विभाग दोनों सकते में हैं।

बताया जा रहा है कि ओपन कैप में धान चोरी को लेकर पहले से ही विवाद की स्थिति बनी हुई थी। इसी तनाव के बीच सोमवार रात कुछ असामाजिक तत्वों ने एक ट्रक ड्राइवर के साथ मारपीट कर दी। यह घटना बाकी ड्राइवरों के लिए चेतावनी जैसी साबित हुई। खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे ड्राइवरों ने सामूहिक निर्णय लेते हुए परिवहन कार्य पूरी तरह बंद कर दिया।
इस हड़ताल का असर साफ नजर आ रहा है। चंदिया ओपन कैप और आसपास के इलाकों में 50 से अधिक ट्रक खड़े हैं। धान की आवाजाही रुकने से जिले की आपूर्ति व्यवस्था प्रभावित हो रही है और यदि जल्द समाधान नहीं निकला, तो इसका असर सार्वजनिक वितरण प्रणाली पर भी पड़ सकता है।
ड्राइवरों का कहना है कि उन पर बार-बार चोरी के आरोप लगाए जाते हैं, जबकि सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं हैं। उनका साफ संदेश है कि जब तक मारपीट के आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं होती और एफआईआर के बाद ठोस कदम नहीं उठाए जाते, तब तक वे काम पर नहीं लौटेंगे। उनका मानना है कि बिना सुरक्षा के काम करना उनके लिए जोखिम भरा है।
मामले पर चंदिया थाना प्रभारी जोधन सिंह परस्ते ने बताया कि बीती रात हुई मारपीट की घटना पर अपराध दर्ज कर लिया गया है। पुलिस आरोपियों की पहचान कर कार्रवाई कर रही है। उन्होंने कहा कि ड्राइवरों को भरोसा दिलाया जा रहा है कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा और कानून पूरी मजबूती से अपना काम करेगा।
फिलहाल प्रशासन के सामने सबसे बड़ी चुनौती ड्राइवरों का विश्वास लौटाना है। धान परिवहन ठप रहने से जहां सरकारी व्यवस्था पर असर पड़ रहा है, वहीं यह सवाल भी खड़ा हो गया है कि आखिर ओपन कैप में सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था कितनी मजबूत है। अब सभी की नजरें प्रशासन और पुलिस की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं।
