हिंदी पखवाड़े का आगाज, किताबों में दिखी ज्ञान-विरासत
मझौली कॉलेज में भारतीय ज्ञान परंपरा की पुस्तकों की प्रदर्शनी
विद्यार्थियों ने जाना साहित्य-संस्कृति का संसार
संजय सिंह मझौली
हिंदी पखवाड़े के आगाज के साथ मझौली कॉलेज में किताबों के जरिए विद्यार्थियों को भारतीय ज्ञान-विरासत से रूबरू कराया गया। महाविद्यालय में भारतीय ज्ञान परंपरा से जुड़ी हिंदी पुस्तकों की आकर्षक प्रदर्शनी लगाई गई। पुस्तकों में भारतीय दर्शन, साहित्य, इतिहास, संस्कृति, परंपराओं और प्राचीन ज्ञान-विज्ञान की झलक ने विद्यार्थियों का ध्यान खींचा।
मध्य प्रदेश शासन, उच्च शिक्षा विभाग भोपाल के निर्देशन एवं प्राचार्य डॉ. गीता भारती के मार्गदर्शन में भारतीय ज्ञान परंपरा प्रकोष्ठ एवं स्वामी विवेकानंद करियर मार्गदर्शन प्रकोष्ठ के संयुक्त तत्वावधान में विभागीय त्रैमासिक कैलेंडर के अनुसार कार्यक्रम हुआ। विद्यार्थियों ने प्रदर्शनी में रखी पुस्तकों का अवलोकन किया और उनमें समाहित विचारों व ज्ञान को जानने में रुचि दिखाई।
कार्यक्रम में हिंदी को केवल पाठ्यक्रम की भाषा नहीं, बल्कि ज्ञान, चिंतन और सांस्कृतिक चेतना की भाषा के रूप में अपनाने का संदेश दिया गया। प्राचार्य डॉ. गीता भारती ने कहा कि हिंदी भारतीय ज्ञान और संस्कृति को पीढ़ियों तक पहुंचाने का सशक्त माध्यम है। प्रो. बी.एल. सिंह ने विद्यार्थियों से नियमित हिंदी साहित्य एवं ज्ञानवर्धक पुस्तकों के अध्ययन का आह्वान किया। कार्यक्रम में प्राध्यापकों एवं विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता रही। कार्यक्रम का संचालन डॉ. संदीप कुमार शर्मा ने किया।