‘कौरवों को भी दंड मिला था’ पटना हाईकोर्ट ने दिया महाभारत का हवाला, फांसी की सजा बरकरार
पटना: पटना हाईकोर्ट ने रोहतास जिला के दरीहाट थाने के खुदरा गांव में एक ही परिवार के तीन लोगों की हत्या के मामलें में निचली अदालत से दो भाइयों फांसी की सजा को बरकरार रखा. जस्टिस राजीव रंजन प्रसाद की खंडपीठ उनके द्वारा निचली अदालत की फांसी की सजा को सही ठहराते हुए कोई राहत देने से इंकार कर दिया.
रोहतास ट्रिपल मर्डर मामले में सुनवाई
बिहार के रोहतास जिले में 5 साल पहले एक भूमि विवाद में अमन सिंह और सोनल सिंह नाम के दो भाइयों ने एक ही परिवार के तीन लोगों की निर्मम हत्या कर दी थी. मामला कोर्ट में पहुंचा, निचली अदालत ने इन दोनों भाइयों मो फांसी की सजा सुनाई थी.
निचली अदालत ने सुनाई थी फांसी की सजा
निचली अदालत के इस आदेश को उन्होंने पटना हाईकोर्ट अपील दायर कर चुनौती दी. उधर राज्य सरकार ने इन दोनों भाइयों को निचली अदालत द्वारा दी गयी फांसी की पुष्टि के लिए याचिका दायर की गयी.
फांसी के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील पर सुनवाई
कोर्ट ने इन सभी अपीलों पर विस्तार से सुनवाई करने के बाद निचली अदालत द्वारा इन दोनों भाइयों की फांसी की सजा को बहाल रखा. कोर्ट ने इसे सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि ”इन लोगों ने न सिर्फ तीन निर्दोष लोगों की हत्या की, बल्कि तीन महिलाओं को विधवा बनाया. साथ ही उनके बच्चों को अनाथ किया.”
कोर्ट ने माना, ‘रेयरेस्ट ऑफ रेयर’
कोर्ट ने इसे रेयरेस्ट ऑफ रेयर माना और कहा कि, ”ये इतना घृणित और निंदनीय कृत्य है, जिसकी सही सजा फांसी ही है. इन्हें अजीवन कारावास की सजा देना इनके द्वारा किये गये अपराध की तुलना में बहुत कम होगा.” इसी के साथ, कोर्ट ने निचली अदालत द्वारा दी गई फांसी की सजा को सही ठहराते हुए स्पष्ट किया कि इसमें रियायत की कोई जगह नहीं है.
जज ने दिया महाभारत का हवाला
कोर्ट ने महाभारत का उदाहरण देते हुए कहा कि, ”जो लोग भूमि, लोभ और सत्ता के लिए निर्दोषों रिश्तेदारों की हत्या करते है, उन्हें कठोरतम दंड मिलना ही चाहिए. ऐसे ही कृत्यों के लिए कौरवों को दंड मिला था. जो अपराधी थे, वे आक्रामक थे, इसलिए उनके अपराध को दुर्लभतम में दुर्लभ मानते हुए कोर्ट ने किसी तरह की रियायत देने से इंकार कर दिया.”
क्या है पूरा मामला?
13 जुलाई, साल 2021 भूमि विवाद के मामले में अमन सिंह और सोनल सिंह ने तीन लोगों (विजय सिंह, राकेश सिंह और दीपक सिंह) की हत्या कर दी. ये घटना रोहतास जिला के दरीहट थाना के खुदरा गांव में हुई थी. इस मामलें में दरीहट थाना में एक प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी, जो कांड संख्या 11/2021 के तहत दर्ज कराई गयी थी.
