तेज रफ्तार भारी वाहनों से अमिलिया मुख्य बाजार में बढ़ा खतरा, स्पीड ब्रेकर बनाने की उठी मांग
एमपी के सीधी जिले के अमिलिया थाना क्षेत्र अंतर्गत हनुमान से बहरी तक बने राष्ट्रीय राजमार्ग के पूर्ण होने के बाद इस मार्ग पर भारी वाहनों की आवाजाही काफी बढ़ गई है। सड़क निर्माण से जहां आवागमन सुगम हुआ है, वहीं दूसरी ओर अमिलिया के मुख्य बाजार क्षेत्र में तेज रफ्तार से गुजर रहे ट्रक, डंपर और अन्य भारी वाहनों के कारण गंभीर हादसे की आशंका भी बढ़ गई है। स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों ने प्रशासन से मुख्य बाजार क्षेत्र में तत्काल गति अवरोधक (स्पीड ब्रेकर) बनाने और यातायात नियंत्रण के प्रभावी उपाय करने की मांग की है।
बाजार क्षेत्र में दिनभर रहती है भीड़
सीधी जिले के अमिलिया का मुख्य बाजार क्षेत्र स्थानीय व्यापारिक गतिविधियों का केंद्र है, जहां दिनभर बड़ी संख्या में लोग खरीदारी के लिए आते-जाते रहते हैं। इसके अलावा स्कूली छात्र-छात्राएं, ग्रामीण क्षेत्र से आने वाले लोग और दोपहिया वाहन चालक भी लगातार इस मार्ग का उपयोग करते हैं। ऐसे में तेज रफ्तार से गुजरते भारी वाहन राहगीरों के लिए बड़ा खतरा बनते जा रहे हैं।
नई सड़क बनी सुविधा भी, खतरा भी
अब स्थानीय लोगों का कहना है कि नई सड़क बनने के बाद वाहनों की रफ्तार पहले की तुलना में काफी बढ़ गई है। कई वाहन चालक बिना गति नियंत्रित किए सीधे बाजार क्षेत्र से गुजरते हैं, जिससे दुर्घटना की आशंका लगातार बनी रहती है। नागरिकों का मानना है कि यदि बाजार क्षेत्र में उचित स्थानों पर स्पीड ब्रेकर बनाए जाएं तो वाहनों की रफ्तार नियंत्रित होगी और संभावित दुर्घटनाओं को रोका जा सकेगा।
प्रेशर हॉर्न से बढ़ रहा ध्वनि प्रदूषण
इस क्षेत्र के लोगों ने यह भी बताया कि कई भारी वाहन चालक बाजार क्षेत्र में अनावश्यक रूप से प्रेशर हॉर्न का उपयोग करते हैं। इन हॉर्न की आवाज इतनी तेज होती है कि आसपास मौजूद लोगों को असहजता होती है और ध्वनि प्रदूषण की समस्या भी बढ़ती जा रही है। कई बार इनकी तेज आवाज से बुजुर्गों, बच्चों और दुकानदारों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग
अब स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों ने प्रशासन से मांग की है कि बाजार क्षेत्र में जल्द से जल्द स्पीड ब्रेकर का निर्माण कराया जाए और यातायात नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराया जाए। साथ ही प्रेशर हॉर्न के उपयोग पर भी प्रतिबंध लगाते हुए नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।
जनप्रतिनिधियों से भी पहल की अपेक्षा
वही क्षेत्रवासियों का कहना है कि इस समस्या के समाधान के लिए जनप्रतिनिधियों को भी आगे आकर प्रशासन के साथ समन्वय बनाना चाहिए, ताकि समय रहते आवश्यक कदम उठाए जा सकें। यदि इस दिशा में जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो किसी भी दिन बड़ा हादसा होने से इंकार नहीं किया जा सकता।
जहा स्थानीय लोगों का मानना है कि बाजार क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करना और वाहनों की रफ्तार नियंत्रित करना समय की मांग है, ताकि आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।

