दबंगों की आगजनी के बाद पुलिस कार्रवाई से फूटा ग्रामीणों का गुस्सा, सड़क पर चारपाई, कुर्सी-टेबल, बर्तन और गृहस्थी का सामान रखकर किया चक्का जाम
सीधी। जिले के मझौली जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत दादर के जोगी पहाड़ी गांव में रविवार सुबह हुई आगजनी की घटना के बाद पुलिस की कार्रवाई से नाराज ग्रामीणों का गुस्सा सड़क पर फूट पड़ा। पीड़ित परिवार ने अपनी पूरी गृहस्थी सड़क पर लाकर रख दी और पत्नी-बच्चों के साथ बीच सड़क पर बैठकर चक्का जाम कर दिया। सड़क पर चारपाई, कुर्सी, टेबल, बर्तन, कपड़े और अन्य घरेलू सामान रखकर किए गए इस अनोखे विरोध प्रदर्शन से करीब दो घंटे तक आवागमन पूरी तरह बाधित रहा।
जानकारी के अनुसार, पीड़ित सुदर्शन साकेत ने आरोप लगाया है कि गांव के सूर्यभान साकेत अपने साथियों के साथ रविवार सुबह करीब 6 बजे उनके घर पहुंचे। आरोप है कि पहले घर की महिलाओं के साथ गाली-गलौज और मारपीट की गई, इसके बाद आरोपियों ने घर में आग लगा दी और मौके से फरार हो गए।
आग लगने से घर में रखा अनाज, कपड़े, फर्नीचर, बर्तन और अन्य घरेलू सामान जलकर राख हो गया। सूचना मिलते ही थाना मड़वास पुलिस और दमकल वाहन मौके पर पहुंचे। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक पीड़ित परिवार की पूरी गृहस्थी बर्बाद हो चुकी थी।
घटना के बाद जब पीड़ित परिवार को तत्काल न्याय और आरोपियों की गिरफ्तारी होती नहीं दिखी तो आक्रोशित ग्रामीणों ने सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। सुदर्शन साकेत अपनी पत्नी और बच्चों के साथ सड़क पर ही बैठ गए तथा घर में बचा हुआ पूरा सामान—चारपाई, कुर्सी, टेबल, बर्तन, कपड़े और अन्य घरेलू सामग्री—सड़क पर रखकर चक्का जाम कर दिया। ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए आरोप लगाया कि दबंगों के खिलाफ समय रहते सख्त कार्रवाई नहीं की जा रही है।
करीब दो घंटे तक चले चक्का जाम के कारण सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए थाना प्रभारी अतर सिंह और विद्युत विभाग के जेई राजेंद्र सिंह मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने ग्रामीणों को निष्पक्ष जांच, आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी और पीड़ित परिवार को हरसंभव सहायता दिलाने का आश्वासन दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने चक्का जाम समाप्त कर मार्ग बहाल किया।
फिलहाल मड़वास पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि आगजनी, मारपीट और अन्य आरोपों की गंभीरता से जांच की जा रही है तथा आरोपियों की तलाश जारी है। वहीं प्रशासन आग से हुए नुकसान का आकलन कर रहा है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि दोषियों पर जल्द कठोर कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन और उग्र किया जाएगा।

