SDM in action:26 गर्भवतियों में 14 एनीमिक, आयुष्मान कार्ड डाटा गायब, बीपी मशीन भी जवाब दे गई!”
SDM in action:सीधी जिले के सेमरा स्थित आयुष्मान आरोग्य मंदिर (हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर) का शुक्रवार को किया गया निरीक्षण स्वास्थ्य सेवाओं की वास्तविक स्थिति को उजागर कर गया। कागज़ों में बेहतर दिखने वाली व्यवस्थाओं के पीछे कई गंभीर खामियां सामने आईं, जिसने ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
निरीक्षण के दौरान केंद्र में उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं, रिकॉर्ड संधारण, दवाओं और उपकरणों की गहन समीक्षा की गई। साथ ही अनमोल पोर्टल में दर्ज प्रविष्टियों का भी बारीकी से परीक्षण किया गया। जांच में पाया गया कि केंद्र में पंजीकृत कुल 26 गर्भवती महिलाओं में से 14 महिलाएं एनीमिया से पीड़ित हैं, जो मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य की दृष्टि से बेहद चिंताजनक स्थिति है। हालांकि संबंधित महिलाओं की एएनसी जांच के बाद नियमित फॉलो-अप लिया जा रहा है और उन्हें संस्थागत प्रसव के लिए प्रेरित किया गया है, लेकिन इतनी बड़ी संख्या में एनीमिया के मामले स्वास्थ्य जागरूकता और पोषण प्रबंधन पर प्रश्नचिह्न लगाते हैं।
SDM in action:निरीक्षण में एक और गंभीर लापरवाही सामने आई। सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (सीएचओ) के पास पीवीटीजी, बीओसीडब्ल्यू तथा 70 वर्ष से अधिक आयु के पात्र हितग्राहियों के आयुष्मान कार्ड से संबंधित अद्यतन डाटा उपलब्ध नहीं था। न तो यह स्पष्ट किया जा सका कि कितने पात्र हितग्राहियों के कार्ड बन चुके हैं और न ही यह कि कितने कार्ड अभी लंबित हैं। इस पर निरीक्षण दल ने नाराजगी जताते हुए संबंधित कर्मचारियों को कड़ी चेतावनी दी और डाटा तत्काल अपडेट करने के निर्देश दिए।
तकनीकी संसाधनों की स्थिति भी निराशाजनक पाई गई। बीपी मॉनिटर से रक्तचाप जांच के दौरान यह सामने आया कि उपकरण की बैटरी काम नहीं कर रही थी, जिससे नियमित जांच प्रभावित हो रही थी। आवश्यक चिकित्सा उपकरणों की इस तरह की अनदेखी को गंभीर मानते हुए संबंधित बीएमओ को तत्काल सुधारात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
निरीक्षण के समय वीएमओ डॉ. सुधीर गुप्ता भी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने दो टूक कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। भविष्य में ऐसी कमियां दोबारा न उभरें, इसके लिए सतत निगरानी, जवाबदेही और त्वरित सुधारात्मक कदम अनिवार्य रूप से उठाए जाएंगे।
