लखनपुरा में हंगामा, कांग्रेस नेता-कोटेदार पर गड़बड़ी के आरोप, जांच की मांग तेज
उमरिया तपस गुप्ता (7999276090)
जिले के बिरसिंहपुर पाली जनपद के लखनपुरा गांव की शासकीय उचित मूल्य दुकान पर राशन वितरण को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। महिला बहुउद्देश्यीय सहकारी समिति मर्यादित के तहत संचालित इस दुकान के कोटेदार, जिन्हें स्थानीय लोग कांग्रेस पार्टी से जुड़ा नेता बताते हैं, पर ग्रामीणों ने कई महीनों से अनियमितता, अभद्र व्यवहार और हितग्राहियों के हक में कटौती के गंभीर आरोप लगाए हैं। नाराज ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए दुकान में ताला जड़ दिया, जिससे पूरे क्षेत्र में राजनीतिक माहौल भी गरमा गया है।
ग्रामीणों का आरोप है कि पिछले चार महीनों से राशन वितरण में लगातार गड़बड़ी हो रही थी। कभी एक महीने का तो कभी दो महीने का राशन देकर मशीन में पूरे महीने का अंगूठा लगवा लिया जाता था। जब हितग्राहियों ने इसका विरोध किया और पूरा राशन देने की मांग रखी, तो कोटेदार ने कथित तौर पर अभद्रता की। इसी से नाराज होकर लोगों ने दुकान के बाहर हंगामा किया और ताला लगा दिया। कुछ ग्रामीणों ने धक्का-मुक्की की बात भी कही है, हालांकि प्रशासन ने इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।

भाजपा नेता और पूर्व जिला पंचायत सदस्य अर्जुन सिंह सैयाम ने इस मामले को सीधे तौर पर कांग्रेस से जोड़ते हुए कहा कि जब सरकार गरीबों को मुफ्त राशन देने की योजना चला रही है, तब कांग्रेस से जुड़े नेता गरीबों के हक पर डाका डाल रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि संबंधित कोटेदार द्वारा कई दुकानों का संचालन किया जा रहा है, जिसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। सैयाम ने कहा कि यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो सख्त कार्रवाई जरूरी है ताकि भविष्य में ऐसी शिकायतें दोबारा न हों।

सूचना मिलते ही तहसीलदार लक्ष्मीकांत शर्मा मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से बातचीत कर स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि उनके पहुंचने तक दुकान पर ताला लगा हुआ था और कोटेदार मौजूद नहीं थे। ग्रामीणों ने कोटेदार को हटाने और नए व्यक्ति की नियुक्ति की मांग की है। तहसीलदार ने कहा कि पूरे मामले की रिपोर्ट एसडीएम को भेजी जा रही है, जिसके बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, इस संबंध में कोटेदार बिंदे सिंह का कहना है कि उन पर लगाए जा रहे आरोप राजनीति से प्रेरित हैं। उन्होंने दावा किया कि राशन का वितरण शासन के निर्देशों के अनुसार ही किया गया है और मशीन में दर्ज आंकड़े इसकी पुष्टि करेंगे। बिंदे सिंह ने कहा कि कुछ लोग जानबूझकर उनकी छवि खराब करने की कोशिश कर रहे हैं और वे किसी भी जांच के लिए तैयार हैं।
फिलहाल, इस पूरे घटनाक्रम ने लखनपुरा की राशन व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीण निष्पक्ष जांच और पारदर्शी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं, ताकि गरीबों का हक सुरक्षित रह सके और दोषियों पर सख्त कदम उठाया जा सके।
